आज भी चलाई गई द्वेषतापूर्ण अतिक्रमण मुहिम, थाना प्रभारी के अभद्र व्यवहार से नगरवासी हुए परेशान, पत्रकार को भी दी केस लगाकर जेल भेजने की धमकी –

आज भी चलाई गई द्वेषतापूर्ण अतिक्रमण मुहिम, थाना प्रभारी के अभद्र व्यवहार से नगरवासी हुए परेशान, पत्रकार को भी दी केस लगाकर जेल भेजने की धमकी –

News@- रिपोर्टर्स पेज –
पेटलावद (झाबुआ) – प्रशासन द्वारा द्वेषतापूर्ण चलाई जा रही अतिक्रमण मुहिम में आज भी प्रशासन ने गरीब एवं छोटे लोगों पर जेसीबी चलाई। सुबह से ही अतिक्रमण मुहिम प्रशासन द्वारा चलाई गई। जिसमें छोटे – छोटे लोगों पर कार्रवाई करते हुए, एक 50 वर्षों से रह रहे आदिवासी परिवार के घर पर जेसीबी चलाकर पूरा घर तोड़कर तहस नहस कर दिया। अतिक्रमण की शुरुआत गांधी चौक से हुई जो नगर में दुकानों पर छांव के लिए बनाए गए ढालियों को तोड़ते दिखाई दिए। इसी बीच 50 वर्षों से अधिक समय से रह रहे एक आदिवासी परिवार के घर पर जेसीबी ले जाकर खड़ी कर दी और कहा कि जितना सामान समेटना है समेट लो हम तुम्हारा घर तोड़ रहे हैं। मजबूर आदिवासी महिला जिसका पति हार्ट अटैक का मरीज है। जिसने टीआई दिनेश शर्मा के हाथ-पांव जोड़े और कहा कि हमें कुछ दिन की मोहलत दे दो ,फिर तोड़ देना। अभी मेरे पति को हार्ट अटैक आया हुआ है, और वह बीमार पड़े हुए है। महिला रो -रो कर कहती रही, कि मेरा मकान अवैध नहीं है मेरे पास सभी कागजात है। लेकिन उसकी एक नहीं सुनी और आदिवासी महिला से अभद्र भाषा में बोलते हुए कहा कि तेरी सभी इच्छा पूरी कर दूंगा तू चली जा यहां से। जैसे शब्द का प्रयोग भी टीआई द्वारा किया गया। महिला गिड़गिड़ाति रही रोती रही लेकिन टीआई ने एक नहीं सुनी और देखते ही देखते गरीब आदिवासी महिला की आंखों के सामने उसका घर पूरी तरह से तोड़कर तहस-नहस कर दिया।

हर किसी से थाना प्रभारी द्वारा किया जाता है अभद्र भाषा का प्रयोग –
अतिक्रमण मुहिम जब से शुरू हुई है थाना प्रभारी की अतिक्रमण हटाने का इंचार्ज दिया गया है तब से नगर के हर नागरिक से अभद्र भाषा का प्रयोग करते हुए उसके साथ गाली गलौज करने लग जाते हैं, राह चलते लोगों से अभद्र भाषा का प्रयोग कर अपनी वर्दी का दोष दिखाते नजर आते हैं, यहां तक कि बैंक के सामने रखी मोटरसाइकिल सवार को भी अभद्र भाषा का प्रयोग करते हुए केस लगाने की धमकी देते हुए नजर आए, हर किसी को एफआईआर दर्ज कर अंदर करने व केस ठोकने की धमकी देते दिखाई दिए।

पत्रकारों के साथ भी किया अभद्र व्यवहार-
आम नागरिकों के साथ-साथ पत्रकारों के साथ भी थाना प्रभारी महोदय अभद्र भाषा का प्रयोग करने में पीछे नहीं हटे, जहां भी वे गलत काम करते या किसी को गाली गलौज करते तो ऐसे में कोई पत्रकार अपने कैमरे में कैद करता हो तो उसे भी धमकी दी जाती है, और प्रकरण दर्ज कर जेल भेज देने की धमकी थाना प्रभारी द्वारा दी जाती है। आज कुछ ऐसा ही वाकया देखने को मिला। जैसे ही थाना प्रभारी ने एक पत्रकार को कैमरा चलाते देखा कि पत्रकार मुझे कैमरे में कैद कर रहा है, तो वह आग बबूला हो गए और उसके पास गए और कहा कि तेरी मीडिया गिरी निकाल दूंगा ऐसा केस लगा दूंगा कि 90 दिन तक जेल से बाहर नहीं आएगा। जिसको लेकर जिले के सभी पत्रकारों में आक्रोश देखा गया और तहसील पत्रकार संघ कार्यालय पर आपात बैठक बुला कर अग्रिम कार्यवाही के लिए विचार किया गया।