सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में डॉक्टरों की लापरवाही से नही मिल रहा गरीबो को वक्त पर इलाज, झोलाछाप डॉक्टर की हुई चांदी –

सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में डॉक्टरों की लापरवाही से नही मिल रहा गरीबो को वक्त पर इलाज, झोलाछाप डॉक्टर की हुई चांदी –

फाइल – महिला की दुर्घटना के दौरान मौत।

News@- इमरान खान –
थांदला (झाबुआ) – गत दिनों एक महिला ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र थांदला के डॉक्टरों की लापरवाही के चलते अपनी जान गवा दी थी। मामला थांदला थाना क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम खाकरखेड़ी का था। जंहा से थांदला दशहरा मेला देखने अपने पति के साथ बाइक पर जा रही महिला बाइक से चक्कर खा कर गिर गई थी जिससे उसकी इलाज के दौरान मौत हो गई थी।
महिला का नाम गुलाबी पति रमेश उम्र 25 है जो खाकरखेड़ी भगोर निवासी है जो कि की थांदला मोटर साइकिल से अपने पति के साथ मेला देखने आ रही थी जो चक्कर आने की वजह से पर जा गिरी थी। परिजन द्वारा दुर्घटनाग्रस्त पीड़ित को थांदला सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र ले जाया गया था, जहाँ डॉक्टर नहीं होने के कारण घंटों दुर्घटना में घायल महिला परेशान होती रही जिसके बाद मेघनगर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर जाते वक्त पीड़िता महिला की मौत हो गई। परिजनों ने थांदला स्वास्थ्य विभाग पर डॉक्टर ना होने के आरोप लगाए है। मेघनगर पुलिस ने मामला जीरो पर कायमी कर थांदला थाने पर भेजा दिया है। वही 1 माह पूर्व भी ग्राम बावड़ी मैं भी महिला को 108 की मदद ना मिलने पर सड़क पर ही बच्चों को जन्म दिया था एक तरफ सरकार बड़े बड़े वादे करती है और दूसरी तरफ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अधिकारी माल बटोरने में ही लगे हैं। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अधिकारी की लापरवाही के कारण नगर में बड़े पैमाने पर झोलाछाप डॉक्टर गरीब आदिवासियों की जान के साथ खिलवाड़ कर रहे है। स्वास्थ्य केंद्र में उचित इलाज नही मिलने से गरीब लोग झोलाछाप डाक्टरो के मक्कड़जाल फस रहे है। नगर में तेजाजी मंदिर कांप्लेक्स में डॉ मडु बोरी निवासी करवड़ का है वो लोगों की जान के साथ खिलवाड़ कर रहा है। ओर ग्रामीणों से पैसे बटोर रहा है और भी बात करें तो पूरे नगर में झोलाछाप डॉक्टरों की भरमार लगी हुई है इस और प्रशासन का कोई भी ध्यान नहीं है।