प्रशासनिक अव्यवथाओ की एक बार फिर खुली पोल, नदी से होकर गुजरी शव-यात्रा, कुछ दिनों के भीतर दूसरी तस्वीर आई सामने –

प्रशासनिक अव्यवथाओ की एक बार फिर खुली पोल, नदी से होकर गुजरी शव-यात्रा, कुछ दिनों के भीतर दूसरी तस्वीर आई सामने –

News@- दिलीप मालवीय –
बामनिया (झाबुआ) – पिछले दिनों पेटलावद तहसील के ग्राम छोटी गेहण्डी की एक तस्वीर सामने आई थी। जिसने प्रशासनिक अव्यवयथाओ की पोल खोलकर रख दी थी। जिसमे ग्रामीणों को शव के अंतिम संस्कार के लिए बड़ी मशक्कत का सामना करना पड़ा था। उस घटना को कुछ ही दिन बीते है, ओर अब पेटलावद तहसील के एक ओर गांव से फिर वही तस्वीर सामने आई है जो प्रशासन ओर सरकारों के जूठे दावों की पोल खोल रही है।

मामला- पेटलावद तहसील के ग्राम छायन पश्चिम का है, जंहा दिनांक 02 अक्टूम्बर को ग्राम की एक वृद्ध महिला का आकस्मिक निधन हो गया। जिनके दाह संस्कार के ग्रामीणों को बड़ी मशक्कत कर मुक्तिधाम तक पहुचना पड़ा। ग्रामीण शव को कंधे पर उठाकर नदी से निकल कर आये, गिरते संभलते ग्रामीण मुक्तिधाम तक पहुचे ओर महिला का अंतिम संस्कार किया गया।

ग्रामीण प्रकाश वसुनिया, कैलाश वसुनिया, शंकर वसुनिया, रमेश वसुनिया, बालू वसुनिया, रामा वसुनिया, जोरसिंग वसुनिया, बाबु वसुनिया शम्भू वसुनिया, सैतान वसुनिया आदि ने बताया कि अगर गाँव मे कोई देहांत हो जाता है तो ग्रामीणों को इसी तरह मशक्कत करना पड़ती है, पानी से होकर गुजरना पड़ता है, जैसे तैसे मुक्तिधाम पर हम पहुचते, साथ जिस मुक्तिधाम पर हम अंतिम संस्कार करते वह भी पूर्ण रूप से अधूरा पड़ा है। जिससे भी बेहद परेशानियो के बीच अंतिम संस्कार किया जाता है। जिम्मेदारों का इस ओर कोई ध्यान नही है।