विद्यालय में शिक्षको को मटन-चिकन बनाकर नही दिया तो समूह संचालक से मिलीभगत कर रसोयन को हटाया, महिला रसोयन ने लगाए शिक्षक और समूह संचालक पर गंभीर आरोप –

विद्यालय में शिक्षको को मटन-चिकन बनाकर नही दिया तो समूह संचालक से मिलीभगत कर रसोयन को हटाया, महिला रसोयन ने लगाए शिक्षक और समूह संचालक पर गंभीर आरोप –

महिला रसोयन राजू बाई –

News@- कुँवर शान ठाकुर –
पेटलावद (झाबुआ) – शासकीय उत्कृष्ट विद्यालय रामगढ़ में मध्यान्ह भोजन अंतर्गत खाने बनाने वाली महिला रसोयन ने स्कूल के दो शिक्षकों एवं मध्यान्ह भोजन संचालक पर गंभीर आरोप लगाए है।

इन शिक्षकों पर लगा गंभीर आरोप

मामला – शासकीय माध्यमिक विद्यालय रामगढ़ में अम्बिका स्वयं सहायता समूह अंतर्गत रसोयन का कार्य करने वाली राजू पति गंगाराम मालवीय ने विद्यालय में पदस्थ शिक्षक तुलसीराम चौहान एवं शिक्षक रामचन्द्र अरड सहित समूह संचालक पर आरोप लगाया है कि शिक्षको एवं समूह संचालक द्वारा मुझे जबरन परेशान किया जा रहा है, मुझे बिना कारण बताए रसोयन के पद से हटा दिया गया है,और अब विद्यालय में मुझे खाना नही बनाने दिया जा रहा है। रसोयन राजू बाई का कहना है कि वह पिछले 10 वर्षो से इसी विद्यालय में बच्चो को खाना बनाकर खिला रही है, लेकिन अब शिक्षको एवं समूह संचालक द्वारा बिना कारण बताए खाना बनाने से रोका जा रहा है, राजू बाई का आरोप है कि कुछ माह पहले दोनो शिक्षको द्वारा मध्यान्ह भोजन के किचन शेड में मटन-चिकन बनाने को कहा था किंतु हमारे द्वारा उन्हें इंकार कर दिया गया था, तब से ही शिक्षको द्वारा जबरन परेशान किया जा रहा है। वही लोकसभा चुनाव के समय चुनाव दल जब विद्यालय में भोजन हेतु पहुँचे थे तब समूह की अध्य्क्ष द्वारा ही सब्जी बनाई गई थी किन्तु सब्जी में इल्लियां निकलने से समूह को हटाने की भी अधिकारियों ने बात कही थी किन्तु अध्य्क्ष पर कार्यवाई नही करते हुए हम रसोयनों को हटाने का काम किया जा रहा है। शिक्षको एवं समूह संचालक द्वारा षड्यंत्र पूर्वक हमे हटाया जा रहा है। जबकि अधिकारियों द्वारा समूह को हटाने की बात कही थी किन्तु समूह को ना हटाते हुए हमें जबरन हटाया जा रहा है।

”राजू बाई का कहना है कि उनका परिवार आर्थिक स्थिति बेहद कमज़ोर है, एक मात्र यही सहारा था किन्तु शिक्षको एवं समूह संचालक द्वारा षड्यंत्र रच कर हमे बेरोजगार कर दिया गया है, ऐसे में अब परिवार का भरण पोषण करना काफी मुश्किल है।

मामले को लेकर शिक्षक तुलसीराम चौहान एवं रामचन्द्र अरड द्वारा महिला रसोंयन द्वारा लगाए गंभीर आरोपो को बेबुनियाद बताते हुए पल्ला झाड़ लिया गया। वही अपना पक्ष रखते हुए कहा कि समूह एवं रसोंयनो को हटाने हेतु हमारे द्वारा पंचनामा बनाकर प्रभारी बीआरसी राजेश पाटीदार को जमा करवा दिया गया है। किन्तु जब हमारे द्वारा पंचनामा की कॉपी देखना चाही तो बताने से इंकार कर दिया कि हमारे पास दूसरी कॉपी नही है हमने बीआरसी को जमा करवा दी है। लगातार हमारी टीम मामले की तह तक जाने हेतु प्रयास करती वही जब बीआरसी राजेश पाटीदार से सम्पर्क करना चाहा तो वह लगातार फोन काटते रहे। सूत्रों द्वारा जानकारी प्राप्त हुई है कि शिक्षकों के सीधे संपर्क बीआरसी पाटीदार से है इस लिए बीआरसी पाटीदार भी मामले से बचते रहे।

पूरे मामले को उच्च अधिकारियों को संज्ञान में लेते हुए आरोपो की तह तक जाकर दोषियों के खिलाफ कार्यवाई करना चाही क्यो की अपने पद का दुरुपयोग करते हुए गरीब लोगों के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है।

मामले में एक ओर रसोयन को हटाया गया है, जिससे हमारे द्वारा संपर्क करने के प्रयास किये जा रहे है।